ब्रिज

फोकस: ग्लूट्स, कोर, जाँघें।

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फोकस: ग्लूट्स, कोर, जाँघें।

  1. पीठ के बल लेटें, घुटने मोड़ें और पैर कूल्हों की चौड़ाई पर रखें।
  2. पैरों से दबाव देकर कूल्हों को उठाएँ।
  3. कंधों, कूल्हों और घुटनों को एक सीध में रखते हुए रोकें।
  4. धीरे-धीरे मैट पर नीचे आएँ।

सहायक संकेत

घुटनों को आगे की ओर रखें और निचली पीठ को ज्यादा मोड़ने से बचें।

इसे हल्का बनाएँ

तीव्रता कम करने के लिए, दोनों पैर फ़र्श पर रखें और कूल्हों को केवल थोड़ा उठाएँ।

सावधानियाँ

अगर आपकी पीठ में दर्द हो तो तुरंत अपने कूल्हों को नीचे लाएँ।

संबंधित रूटीन

पोश्चर स्टेबलाइज़र I

प्लैंक और आइसोमेट्रिक व्यायामों की रूटीन से अपने कोर और पीठ की मांसपेशियों को मज़बूत करें। मुद्रा बेहतर बनाएँ, रीढ़ की सही संरेखण को सहारा दें, और कुल मिलाकर संतुलन व स्थिरता में सुधार करें।

7:00 · शुरुआती

पोश्चर स्टेबलाइज़र II

प्लैंक और आइसोमेट्रिक व्यायामों की रूटीन से अपने कोर और पीठ की मांसपेशियों को मज़बूत करें। मुद्रा बेहतर बनाएँ, रीढ़ की सही संरेखण को सहारा दें, और कुल मिलाकर संतुलन व स्थिरता में सुधार करें।

12:00 · मध्यम

पेल्विक टिल्ट I

कमर के निचले हिस्से और कूल्हों की गतिविधियों के साथ श्रोणि की स्थिति को समझें।

5:00 · शुरुआती

पेल्विक टिल्ट II

कमर के निचले हिस्से और कूल्हों के लिए एक लंबे क्रम में श्रोणि की स्थिति को समझें।

10:00 · मध्यम

जेब में निर्देशित स्ट्रेचिंग।